टीशर्ट-जींस पहन कर सरकारी कर्मी नहीं आएंगे ऑफिस, आदेश न मानने पर होगी कार्रवाई
Manthan News
July 31, 2020
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ग्वालियर संभाग (Gwalior commissioner) के सभी जिलों को लेकर कमिश्नर एमबी ओझा ने एक आदेश जारी किया है। आदेश में कहा गया है कि सरकारी सेवक जींस और टीशर्ट में अब ऑफिस नहीं आ सकेंगे। अगर शासकीय सेवक इसका उल्लंघन करते हैं, तो उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
- सरकारी कर्मियों के लिए ग्वालियर संभाग के आयुक्त ने जारी किया आदेश
- टीशर्ट और जिंस में ऑफिस अब नहीं आ सकेंगे सरकारी कर्मी
- नियम का उल्लंघन करने वाले शासकीय सेवकों पर होगी कार्रवाई
- सीएम शिवराज सिंह चौहान ने भी एक मीटिंग में इसे लेकर जताई थी नाराजग ग्वालियर एमपी के ग्वालियर संभाग में सरकारी अधिकारियों और कर्मचारियों को शालीन और गरिमामय परिधान पहनकर कार्यालय आने की हिदायत दी गई है। साथ ही ‘फैंटेड जींस’ और ‘टीशर्ट’ पहनकर आने पर रोक लगा दी गई है। संभाग के आयुक्त एम बी ओझा ने एक आदेश जारी किया है।उन्होंने संभाग के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों से कहा है कि सभी शासकीय सेवकों गरिमापूर्ण, शालीन और औपचारिक परिधान पहनकर शासकीय कार्यालय में दायित्व निर्वहन करें, जो इस आदेश की अवहेलना करते है उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। कमिश्नर ने अधिकारी के फैंटेड जींस और टीशर्ट पहनने का जिक्र किया है। कमिश्नर ने कहा कि वह अशोकनगर जिले के भ्रमण के दौरान अपर कलेक्टर जैसे वरिष्ठ अधिकारी द्वारा बैठक में फैंटेड जींस पहनकर उपस्थित होना उक्त कृत्य शासकीय सेवक के पद की गरिमा के विपरीत जाकर अमर्यादित आचरण की ओर इंगित करता है, जो उचित नहीं है। ग्वालियर संभाग के सभी जिलों के लिए आदेशसंभाग आयुक्त ओझा ने संभाग के सभी संभागीय अधिकारियों और जिला कलेक्टरों को भेजे गए पत्र में निर्देश दिए हैं कि शासन के निर्देशानुसार सभी शासकीय कार्यालयों में शासकीय सेवक गरिमापूर्ण शालीन और औपचारिक परिधान पहनकर ही अपने दायित्वों का निर्वहन करें, यह सुनिश्चित किया जाए। इन निर्देशों की जो अधिकारी व कर्मचारी अवहेलना करते है, उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई किए जाने हेतु सक्षम अधिकारी को प्रस्ताव भेजे जाएं। गौरतलब है कि 20 जुलाई 2020 को प्रदेश के सीएम की अध्यक्षता में वीडियो कन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित समीक्षा बैठक में मंदसौर जिले के वन मण्डलाधिकारी टीशर्ट पहन कर बैठे थे। इसे लेकर सीएम समेत मुख्य सचिव नाराज हुए थे और सभी शासकीय अधिकारी और कर्मचारियों को शालीन, औपचारिक और गरिमापूर्ण परिधान में ऑफिस आने के स्पष्ट निर्देश दिए थे।